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03 November 2020

यौन उत्पीड़न के आरोप में निलंबित किए गए प्रोफेसर, महिला आयोग की अनुशंसा पर हुआ एक्शन

rape

 रायपुर। रायपुर के आयुष विश्व विद्यालय (Raipur Ayush Vishwavidyalaya,) में एक छात्रा के यौन उत्पीडन के आरोप में वहां परीक्षा प्रभार के पद से विवेक चौधरी (Vivek Chaudhary) को हटा दिया गया है,यह कार्रवाई राज्य महिला आयोग की प्रदेश अध्यक्ष किरणमयी नायक के पत्र पर की गई, गौरतलब है कि बीते कुछ दिन पहले एक छात्रा ने रायपुर के पंडित जवाहरलाल नेहरू चिकित्सा महाविद्यालय ( Pandit Jawaharlal Nehru Medical College) के प्रोफेसर डॉक्टर विवेक के खिलाफ महिला आयोग में शिकायत दर्ज करा कर यौन उत्पीड़न का आरोप लगाया है। इस पर आयोग की अध्यक्ष डॉक्टर किरणमयी ने विभाग से विवेक चौधरी (Vivek Chaudhary) के खिलाफा कार्रवाई की अनुशंसा की थी, ऐसे में विभाग ने विवेक चौधरी को निलंबित कर दिया था, जिसके बाद अब चूंकि नबंवर ने परीक्षा होनी है, ऐसे में छात्रा की परीक्षा को ध्यान में रखते हुए इसके बाद नवंबर में छात्रा की परीक्षा को ध्यान में रखते हुए अध्यक्ष डॉ.किरणमयी नायक ने आयुष विश्वविद्यालय को एक पत्र लिखकर डॉ.विवेक चौधरी (Vivek Chaudhary) को परीक्षा संबंधी कार्यों से भी पृथक करने की अनुशंसा की।

महिला आयोग (women commission) की अध्यक्ष की अनुशंसा पर विश्वविद्यालय के कुलपति डॉ.एके चंद्राकर ने डॉ.चौधरी को परीक्षा संबंधी कार्य से भी विवेक चौधरी (Vivek Chaudhary) को अलग कर दिया है। यह जानकारी कुलपति डॉ.चंद्राकर ने डॉ.नायक को दूरभाष पर दी। विश्वविद्यालय के कुलपति डॉ.एके चंद्राकर ने महिला आयोग (women commission) की अध्यक्ष डॉक्टर किरणमयी से कहा आयोग की अनुशंसा के बाद चिकित्सा की परीक्षा में सभी पर्यवेक्षक प्रदेश के बाहर के चिकित्सा विश्विद्यालयों से आमंत्रित किए गए हैं।बता दें की चिकित्सा महाविद्यालय की एक छात्रा ने चिकित्साधीक्षक रहे विवेक चौधरी (Vivek Chaudhary) पर यौन उत्पीड़न करने का आरोप लगाया था। छात्रा ने इसकी शिकायत राज्य महिला आयोग (women commission) से भी की थी।

परीक्षा में व्यवधान उत्पन्न करने की थी आशंका 

छात्रा की शिकायत के बाद चिकित्सा महाविद्यालय ने कार्रवाई करते हुए विवेक चौधरी को चिकित्साधीक्षक पद से हटा दिया था, लेकिन वह आयुष विश्वविद्यालय के परीक्षा प्रभारी पद पर यथावत बने थे। आयोग ने कहा था कि विवेक चौधरी के परीक्षा प्रभारी पद पर बने रहने से छात्रा को प्रभावित होने की आशंका है। राज्य महिला आयोग की अनुशंसा पर आयुष विश्वविद्यालय ने विवेक चैधरी को परीक्षा प्रभारी के कार्य से भी हटा दिया है। बताया गया है कि इसी प्रकरण के कारण परीक्षा प्रभारी होते हुए डॉ. विवेक चौधरी (Vivek Chaudhary) ने पीड़िता छात्रा की परीक्षा में व्यवधान उत्पन्न कराया था। इससे छात्रा का एक शैक्षणिक सत्र का नुकसान हुआ था। इस वर्ष भी इसी डर से पीड़िता छात्रा ने आयोग के सामने अपने समस्या रखी थी, जिस पर आयोग ने विवि से इसकी अनुशंसा की।

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