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02 October 2020

गांधी जयंती 2020: राष्ट्रपिता महात्मा गांधी 5 आंदोलन जिसने बदल भारत की तस्वीर, जानिए सबके बारे में


दो अक्टूबर को पूरे देश में राष्ट्रपति महात्मा गांधी की 151वीं जयंती मनाई जाएगी। राष्ट्रपित मोहन दास करमचंद गांधी यानी महात्मा गांधी का भारत के स्वतंत्रता आंदोलन में अविस्मरणीय योगदान रहा है। उनके द्वारा किए गए आंदोलनों को आज भी याद किया जाता है। वैसे तो गांधी जी ने अपने जीवन में कई आंदोलन किए किन्तु उनके द्वारा किए गए कुछ ऐसे आंदोलन हैं जिसने भारत की तस्वीर पूरी तरह बदल दी। तो आइए महात्मा गांधी के 4 बड़े आंदोलनों के बारे में जानतें हैं..

नमक सत्याग्रहः महात्मा गांधी के आंदोलनों में नमक सत्याग्रह आंदोलन बहुत महत्वपूर्ण था। इसे दांडी मार्च के नाम से भी जाना जाता है। दरअसल महात्मा गांधी ने 12 मार्च 1930 में अहमदाबाद के साबरमती आश्रम दांडी गांव तक पूरे 24 दिनों का पैदल मार्च निकाला था। तब अंग्रेजों ने चाय, कपड़ा और नमक जैसी चीजों पर अपना एकाधिकार स्थापित कर रखा था। तब बापू ने नमक बनाकर अंग्रेजी कानून को तोड़ा था।

दलित आंदोलनः 1933 में छुआछूत के खिलाफ महात्मा गांधी ने आंदोलन किया था। उन्होंने 1932 में ‘अखिल भारतीय छुआछूत विरोधी लीग’ की स्थापना की। उन्होंने हरिजन नामक साप्ताहिक पत्र का प्रकाशन भी किया था। गांधी जी ने 21 दिन का उपवास किया था। दलितों के लिए हरिजन शब्द गांधी जी ने ही दिया था। हरिजन से उनका तात्पर्य था ईश्वर का आदमी।

असहयोग आंदोलनः 1 अगस्त 1920 महात्मा गांधी ने असहयोग आंदोलन की शुरुआत की थी। इस बार गांधीजी ने लोगों से आग्रह किया कि जो भारतीय उपनिवेशवाद का खत्म करना चाहते हैं वे स्कूलों, कॉलेजों और न्यायालय न जाएं और न ही कर चुकाएं। गांधी जी का मानना था कि ब्रिटिश हाथों में एक उचित न्याय मिलना असंभव है इसलिए उन्होंने ब्रिटिश सरकार से राष्ट्र के सहयोग को वापस लेने की योजना बनाई और इस प्रकार असहयोग आंदोलन की शुरुआत की गई।

भारत छोड़ो आंदोलनः 1942 में गांधी जी ने ‘भारत छोड़ो आंदोलन’ की शुरुआत की थी। भारत छोड़ कर जाने के लिए अंग्रेजों को मजबूर करने के लिए एक सामूहिक नागरिक अवज्ञा आंदोलन ”करो या मरो” आरंभ करने का निर्णय लिया।  8 अगस्त 1942 की शाम को बंबई में अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी के बंबई सत्र में ‘अंग्रेजों भारत छोड़ो’ का नारा दिया गया था। हालांकि गांधी जी को तत्काल गिरफ्तार कर लिया गया था।

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